उत्तर प्रदेश – रक्षक ही बना भक्षक तो कासे करू शिकायत, एसपी और थाना प्रभारी पर दर्ज हुआ हत्या की साजिश का केस

जीशान अली

महोबा/बांदा: जब हमारा रक्षक ही हमारे भक्षण पर उतर आये तो फिर इंसान शिकायत करने कहा जाये. ऐसा ही कुछ हुआ था महोबा के इंद्राकान्त त्रिपाठी के साथ. उनके आरोपों को आधार माने तो 6 लाख रुपया महीने की घुस वह खुद तत्कालीन एसपी को देते थे. लॉक डाउन के दौरान काम मंदा होने पर जब उन्होंने इतनी बड़ी रकम घुस देने से असमर्थता जताई तो एसपी ने उनको जान से मरवा देने की धमकी दिया था. व्यापारी ने खुद का वीडियो बना कर सोशल मीडिया पर वायरल किया था. इसके ठीक दुसरे दिन ही व्यापारी की गोली मार कर हत्या का प्रयास होता है. व्यापारी अभी भी कानपुर में ज़िन्दगी और मौत से जूझ रहा है. इस प्रकरण में एसपी महोबा को सस्पेंड कर दिया गया था.

अब उत्तर प्रदेश के महोबा ज़िले से ससपेंड किये गए एस पी मणिलाल पाटीदार और एक थाना इंचार्ज देवेंद्र शुक्ल पर एक व्यापरी की हत्या की कोशिश और उसकी हत्या की साज़श करने के आरोप में मुकदमा दर्ज किया गया है। महोबा के एक व्यापारी इन्द्रकांत त्रिपाठी ने 5 सितंबर को अपना एक वीडियो वायरल कर महोबा के एस पी मणिलाल पाटीदार पर आरोप लगाया था कि उनके दबाव में वो उन्हें 6 लाख रुपये महीना घूस दे रहे थे, लेकिन काम मंदा होने की वजह से उन्होंने एसपी से हर महीने 6 लाख रुपये देने में मजबूरी जताई तो उन्होंने उन्हें जान से मरवा देने की धमकी दी है।

इन्द्रकांत का महोबा में स्टोन क्रशर और माइनिंग के लिए विसफोटक सप्लाई का काम है। वीडियो वायरल करने के दो दिन बाद ही इन्द्रकांत को गोली मार दी गई। गोली उन्हें  गर्दन में लगी है। उनकी हालत गंभीर है। वो इलाज के लिए कानपुर में भर्ती हैं। घटना के बाद एस पी मणिलाल पाटीदार को 9 तारीख को सरकार ने ससपेंड कर दिया था। कल देर रात उनके खिलाफ हत्या का प्रयास और हत्या की साज़िश करने के आरोप में महोबा में मुक़दमा दर्ज हो गया है। उनके साथ महोबा के कबरई थाना इंचार्ज देवेंद्र शुक्ल और इंद्रमणि के दो प्रतिद्वंदी व्यापारियों पर भी एफ़आईआर हुई है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *