वाराणसी में इस साल दूसरी बार बाढ़ ने दस्तक दी है। गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ते हुए बुधवार सुबह 70.42 मीटर तक पहुंच गया, जो चेतावनी बिंदु से 16 सेंटीमीटर ऊपर है

शफी उस्मानी
वाराणसी: वाराणसी मै लगातार बढ़ रहा है जलस्तर पिछले 24 घंटे में गंगा के जलस्तर में 1।99 मीटर की बढ़ोतरी दर्ज की गई। केंद्रीय जल आयोग के मुताबिक, मंगलवार सुबह 68।94 मीटर से शुरू होकर रात 9 बजे तक जलस्तर 69।85 मीटर तक पहुंच गया। इस दौरान जलस्तर हर घंटे 6 से 9 सेंटीमीटर की रफ्तार से बढ़ता रहा।
बाढ़ से अब तक 32 परिवारों के 133 लोग सुरक्षित ठिकानों पर जाने को मजबूर हो चुके हैं। अस्सी घाट पर सुबह-ए-बनारस का मंच डूब गया है। मणिकर्णिका घाट की गलियों और शीतला मंदिर के गर्भगृह में पानी भर चुका है। दशाश्वमेध घाट की जल पुलिस चौकी भी जलमग्न हो गई है।
अस्सी से राजघाट तक करीब तीन हजार मंदिर बाढ़ के पानी में डूब गए हैं। नगवां की संगमपुरी कॉलोनी, गंगोत्री विहार, हरिजन बस्ती, सोनकर बस्ती, महेश नगर और केदार नगर सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। इन इलाकों में पलायन शुरू हो गया है। वहीं रमना टिकरी इलाके के किसानों की फसलें भी डूबने लगी हैं।
प्रशासन अलर्ट पर, डीएम सत्येंद्र कुमार ने सरैया और सलारपुर के बाढ़ राहत शिविरों का निरीक्षण किया। उन्होंने नगर निगम को सफाई, फॉगिंग और एंटीलार्वा छिड़काव कराने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने सभी विभागों को अलर्ट मोड में रहने और प्रभावित परिवारों को हरसंभव मदद पहुंचाने के आदेश दिए हैं।














