राहुल गांधी का संसद में धमाका: एपस्टीन फ़ाइल्स, अनिल अंबानी और भारत-अमेरिका ट्रेड डील पर सरकार को घेरा, भाजपा में मची खलबली
लोकसभा में बजट चर्चा के दौरान राहुल गांधी ने जेफ़री एपस्टीन फ़ाइल्स, अनिल अंबानी और ट्रंप के साथ ट्रेड डील को लेकर केंद्र सरकार पर तीखे प्रहार किए।

शफी उस्मानी
नई दिल्ली: लोकसभा में बजट पर चर्चा के दौरान आज नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने बेहद आक्रामक रुख अपनाते हुए केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर गंभीर आरोप लगाए। राहुल गांधी ने अपने भाषण में अंतरराष्ट्रीय मुद्दों से लेकर रक्षा बजट और व्यापार समझौतों तक, सरकार को कई मोर्चों पर कठघरे में खड़ा किया।
“अनिल अंबानी जेल में क्यों नहीं?”
राहुल गांधी ने उद्योगपति अनिल अंबानी का नाम लेते हुए सीधे केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “एक बिज़नेसमैन हैं अनिल अंबानी, मैं पूछना चाहता हूं कि वो जेल में क्यों नहीं हैं? क्योंकि उनका नाम एपस्टीन फ़ाइल्स में है।” उन्होंने आगे दावा किया कि हरदीप पुरी ने ही अंबानी का परिचय एपस्टीन से कराया था। राहुल गांधी ने सदन में कहा, “मैं जानता हूं कि किसने परिचय कराया और हरदीप पुरी भी जानते हैं कि किसने उनका परिचय कराया।”
रक्षा बजट और ‘अदानी’ का मुद्दा
राहुल गांधी ने रक्षा बजट को लेकर भी सरकार पर दबाव में काम करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भारत के रक्षा बजट के केंद्र में उद्योगपति अदानी का दबाव साफ़ नजर आता है। हालांकि, पीठासीन अधिकारी जगदंबिका पाल ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा कि जो व्यक्ति सदन में मौजूद नहीं है, उसका नाम नहीं लिया जाना चाहिए।
“दबाव में भारत को बेच दिया गया”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर सीधा हमला करते हुए राहुल गांधी ने कहा कि उन पर बाहरी ताकतों का दबाव है। राहुल गांधी के शब्दों में:
“आपने भारत को बेच दिया है। क्या आपको शर्म नहीं आती? प्रधानमंत्री साधारण परिस्थितियों में भारत को नहीं बेचेंगे, लेकिन उन पर दबाव है। उनके हाथ में प्रधानमंत्री की गर्दन है… हम उनकी आंखों में डर देख सकते हैं।”
उन्होंने एपस्टीन केस का ज़िक्र करते हुए कहा कि 30 लाख फाइलें अभी भी बंद हैं, जो दबाव का कारण हो सकती हैं।
ट्रंप के साथ ट्रेड वार्ता और किसानों का हित
अमेरिका के साथ जारी व्यापार वार्ता पर राहुल गांधी ने कहा कि भारत को बराबरी के स्तर पर बात करनी चाहिए। उन्होंने कहा:
- बराबरी का संवाद: “अगर इंडिया गठबंधन सत्ता में होता तो राष्ट्रपति ट्रंप से कहता कि आप हमसे इस तरह बात नहीं करेंगे जैसे हम आपके नौकर हों।”
- ऊर्जा सुरक्षा: उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत की ऊर्जा सुरक्षा सर्वोपरि है और इससे समझौता नहीं किया जा सकता।
- किसानों की चिंता: राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि अमेरिकी कृषि उत्पादों के लिए भारत के दरवाजे खोले जा रहे हैं, जिससे भारतीय गरीब किसान तबाह हो जाएंगे। उन्होंने कहा कि जैसे ट्रंप को अपने किसानों की चिंता है, वैसे ही हमें अपने किसानों की रक्षा करनी होगी।










