‘ट्रंप की ईरान को “आर-पार” की चेतावनी: बोले— “समझौता करो या बड़े पैमाने पर बमबारी झेलने को तैयार रहो”; होर्मुज़ में फ्रांसीसी जहाज पर हमला!’
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को खुली चेतावनी: समझौते पर राजी नहीं हुआ ईरान, तो होगी अब तक की सबसे भीषण बमबारी。 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' को लेकर ट्रंप का बड़ा बयान और होर्मुज़ स्ट्रेट में फ्रांसीसी जहाज पर हमला。 ईरान में जश्न, चीन में मंथन। PNN24 की विशेष वैश्विक रिपोर्ट।

आदिल अहमद
वॉशिंगटन/तेहरान (PNN24 News): अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ जारी सैन्य तनाव के बीच एक बार फिर कड़ा रुख अपनाया है。 अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर ट्रंप ने स्पष्ट कर दिया है कि ईरान के पास केवल दो ही रास्ते हैं— या तो वह समझौते पर राजी हो जाए या फिर अब तक की सबसे भीषण बमबारी का सामना करे。
1. ट्रंप की ‘ट्रुथ सोशल’ चेतावनी और ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’
- भीषण बमबारी की धमकी: ट्रंप ने पोस्ट किया कि यदि ईरान समझौते पर सहमत नहीं होता, तो बमबारी पहले के मुकाबले कहीं ज्यादा बड़े पैमाने पर और तेज होगी。
- ऑपरेशन एपिक फ्यूरी: राष्ट्रपति ने कहा कि यदि ईरान अपनी सहमत शर्तों (बड़ी कल्पना) को पूरा करता है, तो ‘ऑपरेशन एपिक फ्यूरी’ खत्म हो जाएगा。 फिलहाल उन्होंने इस अभियान को “कुछ समय के लिए” रोकने का ऐलान किया है。
- एमओयू के करीब व्हाइट हाउस: एक रिपोर्ट (एक्सियोस) के अनुसार, व्हाइट हाउस और ईरान युद्ध खत्म करने के लिए ‘मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग’ (MoU) पर सहमति के करीब हैं。
2. होर्मुज़ स्ट्रेट में तनाव: फ्रांसीसी जहाज पर हमला
फ्रांसीसी शिपिंग ग्रुप CMA CGM ने जानकारी दी है कि मंगलवार, 5 मई को उनके जहाज ‘सैन एंटोनियो’ पर होर्मुज़ स्ट्रेट से गुजरते समय हमला हुआ。
- नुकसान और घायल: हमले में जहाज को नुकसान पहुंचा है और चालक दल के कुछ सदस्य घायल हुए हैं, जिनका इलाज कराया गया。
- ईरान का रुख: हालांकि हमले की जिम्मेदारी किसी ने नहीं ली है, लेकिन ईरान पहले ही कह चुका है कि रिवोल्यूशनरी गार्ड्स की अनुमति के बिना गुजरने वाले जहाजों को निशाना बनाया जाएगा。
3. ईरान में जीत का जश्न और चीन की भूमिका
ईरानी मीडिया ट्रंप के अभियान रोकने के फैसले को ‘अमेरिका की हार’ और ‘ईरान की जीत’ के रूप में पेश कर रहा है。
- ईरानी मीडिया के बोल: तस्नीम न्यूज़ एजेंसी ने लिखा कि “ट्रंप पीछे हट गए हैं”, वहीं आईआरएनए ने इसे ट्रंप का “आखिरी कार्ड” बताया。
- चीन का रुख: बीजिंग में चीन के विदेश मंत्री वांग यी ने ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची से मुलाकात की。 यह यात्रा ट्रंप की अगले सप्ताह होने वाली चीन यात्रा से पहले काफी अहम मानी जा रही है。










