वाराणसी पुलिस को बड़ी शाबाशी: व्यापारी हत्याकांड का खुलासा करने वाली टीम को पुलिस आयुक्त ने दिया ₹1 लाख का नकद पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र
वाराणसी से इस वक्त की बड़ी खबर! रोहनियां के अवलेशपुर में हुए चर्चित व्यापारी जितेंद्र पटेल हत्याकांड का महज कुछ ही दिनों में खुलासा करने वाली पुलिस टीम को पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने ₹1 लाख का नकद पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया है। इस हत्याकांड में पुलिस ने मुठभेड़ के बाद 5 शातिर बदमाशों को जेल भेजा था। आज पुलिस कार्यालय में आयोजित समारोह में एसओजी प्रभारी गौरव कुमार सिंह, रोहनियां थाना प्रभारी राजू सिंह समेत पूरी टीम को सम्मानित किया गया। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई और कमिश्नर के इस कदम पर आपकी क्या राय है?

अनुराग पाण्डेय
वाराणसी: रोहनियां क्षेत्र के अवलेशपुर में हुए चर्चित व्यापारी जितेंद्र पटेल सनसनीखेज हत्याकांड का सफलतापूर्वक पर्दाफाश करने वाली संयुक्त पुलिस टीम को मंगलवार को पुलिस कमिश्नर ने सम्मानित किया। पुलिस कार्यालय में आयोजित एक भव्य सम्मान समारोह के दौरान पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने एसओजी (SOG), थाना रोहनियां और वरुणा जोन की संयुक्त टीम को उनके उत्कृष्ट कार्य, साहसिक कदम और त्वरित अनावरण के लिए कुल ₹1,00,000 (एक लाख रुपये) का नकद पुरस्कार, प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिह्न प्रदान कर उनका हौसला बढ़ाया।
टीमवर्क और पेशेवर दक्षता की हुई तारीफ
सम्मान समारोह के दौरान पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने टीम की पीठ थपथपाते हुए कहा कि पुलिसकर्मियों की तत्परता, पेशेवर दक्षता (Professionalism) और शानदार टीमवर्क के कारण ही इतने जघन्य और चुनौतीपूर्ण हत्याकांड का इतनी जल्दी खुलासा हो सका। उन्होंने सभी अधिकारियों और जवानों की मुक्त कंठ से सराहना की। साथ ही, उन्होंने पूरी कमिश्नरेट पुलिस से भविष्य में भी इसी समर्पण, ईमानदारी और व्यावसायिक दक्षता के साथ जनसुरक्षा को सुदृढ़ करने तथा अपराध व अपराधियों पर लगाम लगाने का आह्वान किया।
मुठभेड़ के बाद दबोचे गए थे 5 आरोपी
गौरतलब है कि अवलेशपुर में व्यापारी जितेंद्र पटेल की हत्या ने इलाके में सनसनी फैला दी थी। वाराणसी पुलिस की तत्परता के चलते इस मामले में कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। कार्रवाई के दौरान पुलिस और शातिर बदमाशों के बीच मुठभेड़ भी हुई थी, जिसमें दो बदमाशों को पुलिस ने पैर में गोली लगने के बाद दबोच लिया था। पुलिस की इस ताबड़तोड़ और सख्त कार्रवाई से वाराणसी के अपराधियों में साफ खौफ देखा जा रहा है।
किसे मिला कितना पुरस्कार?
इस सफल ऑपरेशन को अंजाम देने वाले जांबाज पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों में पुरस्कार राशि का वितरण कुछ इस प्रकार किया गया:
| अधिकारी / टीम | पुरस्कार राशि |
| प्रभारी निरीक्षक (रोहनियां) व एसओजी प्रभारी | ₹25,000 – ₹25,000 नकद |
| टीम के अन्य मुख्य पुलिसकर्मी | ₹10,000 – ₹10,000 नकद (प्रति पुलिसकर्मी) |
सम्मानित होने वाले जांबाज पुलिसकर्मी
पुलिस कमिश्नर के हाथों प्रशस्ति पत्र और नकद इनाम पाने वाली टीम में मुख्य रूप से निम्नलिखित अधिकारी और जवान शामिल रहे:
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उपनिरीक्षक गौरव कुमार सिंह (एसओजी प्रभारी)
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राजू सिंह (प्रभारी निरीक्षक, थाना रोहनियां)
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उपनिरीक्षक आयुष पांडेय
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उपनिरीक्षक भरत चौधरी
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उपनिरीक्षक गौरव कुमार सिंह (थाना शिवपुर, वरुणा जोन)
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कांस्टेबल मनीष बघेल
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कांस्टेबल अंकित मिश्रा
पुलिस आयुक्त द्वारा किए गए इस त्वरित सम्मान से पूरी वाराणसी कमिश्नरेट पुलिस का मनोबल सातवें आसमान पर है। इस कार्रवाई ने एक बार फिर साफ कर दिया है कि वाराणसी पुलिस अपराधियों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर अडिग है।











