‘वाइज़ैग स्टील प्लांट में कयामत की रात: 1,600 डिग्री सेल्सियस खौलता धातु गिरने से 7 मजदूरों की मौत; सीएम चंद्रबाबू नायडू को लगा गहरा सदमा!’
विशाखापट्टनम: वाइज़ैग स्टील प्लांट में भीषण महा-हादसा, 1,600 डिग्री सेल्सियस का खौलता पिघला धातु गिरने से 7 मजदूरों की दर्दनाक मौत. आंध्र प्रदेश की गृह मंत्री वंगालापुडी अनीता ने की मौतों की पुष्टि; बढ़ सकता है आंकड़ा. सीएम चंद्रबाबू नायडू ने जताया गहरा दुख, राहत और बचाव कार्य तेज करने के दिए निर्देश. पढ़ें PNN24 की विशेष ग्राउंड रिपोर्ट.

आदिल अहमद
विशाखापट्टनम (PNN24 News): आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम में स्थित राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (वाइज़ैग स्टील प्लांट) से एक बेहद भयावह और हृदयविदारक हादसे की खबर सामने आई है. प्लांट के भीतर काम के दौरान कथित तौर पर अत्यधिक गर्म और पिघले हुए धातु (Molten Metal) के अचानक मजदूरों के ऊपर गिर जाने से सात मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई. घटना के बाद पूरे औद्योगिक परिसर में चीख-पुकार मच गई. राहत और बचाव दल मौके पर तैनात है और मलबे से लोगों को निकालने का काम युद्धस्तर पर जारी है.
🚨 गृह मंत्री वंगालापुडी अनीता ने की 7 मौतों की पुष्टि; बढ़ सकता है आंकड़ा
इस बड़े औद्योगिक हादसे के बाद राज्य सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड पर है.
- आधिकारिक बयान: आंध्र प्रदेश की गृह मंत्री वंगालापुडी अनीता ने हादसे की गंभीरता की पुष्टि करते हुए बताया कि उन्हें प्रशासनिक अधिकारियों से प्रारंभिक जानकारी मिली है, जिसके मुताबिक इस भीषण हादसे में अब तक सात लोगों की मौत हो चुकी है.
- बढ़ सकती है संख्या: गृह मंत्री ने यह भी अंदेशा जताया है कि झुलसे हुए मजदूरों की गंभीर स्थिति को देखते हुए मौत का यह आंकड़ा और भी आगे बढ़ सकता है.
🏗️ 1,600 डिग्री सेल्सियस तापमान… क्रेन से ले जाते वक्त हुआ हादसा
समाचार एजेंसी और स्थानीय पुलिस प्रशासन से मिले इनपुट्स के अनुसार, यह हादसा तकनीकी खराबी या लापरवाही के कारण हुआ प्रतीत होता है:
- क्रेन की बकेट पलटी: पुलिस के हवाले से बताया गया है कि क्रेन की मदद से एक विशाल बकेट (लाडल) में खौलता हुआ पिघला हुआ धातु प्लांट के एक हिस्से से दूसरे हिस्से में ले जाया जा रहा था. इसी दौरान अचानक संतुलन बिगड़ने या केबल की खराबी से वह बकेट सीधे नीचे काम कर रहे असहाय मजदूरों पर पलट गया.
- नरक जैसा खौफनाक मंजिल: पुलिस ने तकनीकी विशेषज्ञों के हवाले से बताया कि जिस वक्त यह धातु गिरा, उस पिघले हुए लोहे/धातु का तापमान करीब 1,600 डिग्री सेल्सियस था. इस भीषण तापमान के कारण मजदूरों को संभलने तक का मौका नहीं मिला.
💔 मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने जताया गहरा दुख; दिए सख्त निर्देश
इस भीषण औद्योगिक त्रासदी पर आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने गहरा शोक व्यक्त किया है.
- सीएम का संदेश: मुख्यमंत्री नायडू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर अपना दुख साझा करते हुए लिखा, “वाइज़ैग स्टील प्लांट में हुआ यह हादसा मुझे गहरा सदमा पहुँचाने वाला है। यह जानकर बेहद दुख हुआ कि इस भीषण हादसे में कई कर्मठ मज़दूरों की जान चली गई है।”
- प्रशासन को निर्देश: सीएम ने आगे बताया कि उन्होंने तुरंत संबंधित उच्चाधिकारियों और जिला प्रशासन से बात की है और उन्हें निर्देश दिए हैं कि वे सभी सरकारी विभागों और स्वास्थ्य विंग के साथ मिलकर तत्काल राहत और बचाव कार्य को अंजाम दें, ताकि घायलों को सर्वोत्तम इलाज मिल सके.
फिलहाल, स्टील प्लांट के प्रभावित विंग को सील कर दिया गया है और क्रेन व बकेट ऑपरेशन्स की सुरक्षा चूक की जांच के आदेश दे दिए गए हैं. व्यापार संगठनों और स्थानीय नेताओं ने मृत मजदूरों के परिवारों के लिए भारी मुआवजे और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग उठाई है.











