‘गाजीपुर में छात्र की गोली मारकर सनसनीखेज हत्या: करीमुल्लापुर नहर किनारे मिला शव; मऊ का रहने वाला था मृतक, जांच में जुटी पुलिस’
गाजीपुर में सनसनीखेज वारदात! शादियाबाद के करीमुल्लापुर नहर किनारे वाराणसी में रहकर सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे छात्र रोहित यादव का मिला गोली लगा शव। मऊ निवासी रोहित के सिर के नीचे से गोली बरामद। मामा को मिली थी धमकी भरी कॉल, पुलिस सीसीटीवी और सीडीआर की जांच में जुटी। पढ़ें PNN24 की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट।

शहनवाज़ अहमद
शादियाबाद/गाजीपुर (PNN24 News): गाजीपुर जिले के शादियाबाद थाना क्षेत्र अंतर्गत करीमुल्लापुर नहर के पास शुक्रवार को उस समय भारी सनसनी फैल गई, जब एक 23 वर्षीय छात्र का संदिग्ध परिस्थितियों में गोली लगा शव बरामद हुआ। घटना की जानकारी मिलते ही क्षेत्राधिकारी (CO), स्थानीय पुलिस बल और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर बारीकी से घटनास्थल का मुआयना किया और साक्ष्य जुटाए।
पुलिस को मृतक के सिर के नीचे से एक खाली कारतूस/गोली भी बरामद हुई है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और परिजनों की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
📚 वाराणसी में रहकर प्रतियोगिता परीक्षा की तैयारी कर रहा था रोहित
मृतक की पहचान रोहित यादव (23 वर्ष) के रूप में हुई है। रोहित मूल रूप से मऊ जिले के रानीपुर थाना क्षेत्र स्थित भवनपुरा गांव का निवासी था। उसकी मां इंद्रा देवी अपने बच्चों के साथ गाजीपुर के मर्दापुर स्थित अपने मायके (रोहित के ननिहाल) में रहती हैं।
परिजनों ने बताया कि रोहित पिछले करीब एक साल से वाराणसी में किराए पर रहकर सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहा था और इसके साथ ही शेयर मार्केट में भी ट्रेडिंग/निवेश का काम करता था।
📱 अज्ञात नंबर से आई थी धमकी भरी कॉल, कॉल डिटेल खंगाल रही पुलिस
घटनाक्रम पर मृतक के परिजनों ने गंभीर सवाल उठाए हैं:
- वाराणसी से वापसी की जानकारी नहीं: मृतक के बड़े भाई राहुल यादव ने बताया कि रोहित वाराणसी से गांव कब और किसके साथ आया, इसकी जानकारी परिवार के किसी सदस्य को नहीं थी। सुबह गांव के प्रधान द्वारा सूचना मिलने पर वे मौके पर पहुंचे तो शव रोहित का निकला।
- रंजिश की आशंका: मृतक के मामा मनोज यादव ने बताया कि गुरुवार सुबह उनके मोबाइल पर एक अज्ञात युवक का फोन आया था, जिसने किसी विवाद और गाली-गलौज की बात कही थी। व्यस्तता के कारण वे दोबारा बात नहीं कर सके और बाद में वह नंबर बंद आने लगा।
परिजनों ने पुलिस से संदिग्ध नंबर की सीडीआर (CDR) निकालकर आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार करने की गुहार लगाई है।
🔍 सर्विलांस व सीसीटीवी फुटेज के जरिए सुराग तलाशने में जुटी पुलिस
शादियाबाद थाना पुलिस का कहना है कि मामला प्रथम दृष्टया हत्या का प्रतीत हो रहा है। पुलिस टीम घटनास्थल के आसपास और मुख्य मार्गों पर लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। साथ ही मृतक के मोबाइल की लोकेशन और कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स के आधार पर संदिग्धों को चिन्हित किया जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के सटीक कारणों और समय की स्पष्ट पुष्टि होगी। फिलहाल हत्या के पीछे के कारणों और रंजिश के हर पहलू की गहराई से जांच की जा रही है।











