‘लॉरेंस बिश्नोई गैंग पर अमेरिकी प्रहार पर भारत की पहली प्रतिक्रिया: विदेश मंत्रालय ने कहा— “अंतरराष्ट्रीय अपराध और आतंकवाद के खिलाफ भारत-अमेरिका का विधिक सहयोग बेहद मजबूत!”‘

लॉरेंस बिश्नोई गैंग पर अमेरिकी एक्शन पर भारत के विदेश मंत्रालय (MEA) का बड़ा बयान। प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा— 'अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध नेटवर्क समाज के लिए गंभीर खतरा'; आतंकवाद के खिलाफ भारत-अमेरिका कूटनीतिक व विधिक सहयोग लगातार मजबूत। कनाडा की RCMP के आरोपों पर भी दिया नपा-तुला जवाब। पढ़ें PNN24 की कूटनीतिक रिपोर्ट।

शफी उस्मानी

नई दिल्ली (PNN24 News): अमेरिकी जांच एजेंसी एफबीआई (FBI) द्वारा भारत की जेलों में बंद लॉरेंस बिश्नोई और उसके वैश्विक सिंडिकेट के खिलाफ दायर चार्जशीट और २४ संदिग्धों की गिरफ्तारी के बाद, भारत के विदेश मंत्रालय ने इस पर अपनी महत्वपूर्ण विधिक व कूटनीतिक स्थिति स्पष्ट कर दी है। नई दिल्ली में आयोजित एक आधिकारिक प्रेस वार्ता में विदेश मंत्रालय (MEA) के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने स्पष्ट किया कि भारत लंबे समय से वैश्विक मंचों पर इन अंतरराष्ट्रीय आपराधिक नेटवर्कों के खिलाफ सख्त विधिक कार्रवाई की वकालत करता रहा है।

🤝 “भारत और अमेरिका के बीच मजबूत और प्रभावी सहयोग”— MEA

अमेरिकी न्याय विभाग (US Department of Justice) द्वारा जारी विधिक घोषणापत्र पर टिप्पणी करते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा:

“हमने अमेरिकी न्याय विभाग की ओर से जारी आधिकारिक घोषणा को देखा है, जिसमें कई देशों में सक्रिय अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध नेटवर्क के खिलाफ आरोपपत्र (Chargesheet) और कठोर प्रवर्तन कार्रवाई (Enforcement Action) की विस्तृत जानकारी दी गई है। भारत लगातार और बेहद मुखरता से यह कहता रहा है कि अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध, आतंकवाद, मादक पदार्थों की तस्करी, मानव तस्करी और अवैध हथियारों की तस्करी से जुड़े यह आपराधिक नेटवर्क हमारे सभ्य समाज के लिए एक गंभीर विधिक व सुरक्षा खतरा हैं।”

प्रवक्ता ने भारत-अमेरिका के रणनीतिक संबंधों पर जोर देते हुए आगे कहा:

“आतंकवाद और अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध से प्रभावी ढंग से निपटने के मामले में भारत और अमेरिका के बीच एक बेहद मजबूत, प्रभावी और लगातार विकसित होने वाला सहयोग है। दोनों देशों की संबंधित सुरक्षा और विधिक एजेंसियां कई वर्षों से जमीनी स्तर पर मिलकर काम कर रही हैं और यह आपसी सहयोग समय के साथ लगातार और मजबूत हो रहा है।”

🇨🇦 कनाडा (RCMP) के आरोपों पर भारत का नपा-तुला रुख

अमेरिकी चार्जशीट में कनाडा में हुए खालिस्तान समर्थक कार्यकर्ता हरदीप सिंह निज्जर की हत्या के लिए लॉरेंस बिश्नोई गैंग और गोल्डी बरार को सीधे जिम्मेदार ठहराए जाने और इस संबंध में कनाडाई पुलिस (रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस – RCMP) के बयानों पर भी विदेश मंत्रालय ने विधिक प्रतिक्रिया दी।

रणधीर जायसवाल ने बेहद नपे-तुले कूटनीतिक लहजे में कहा:

“हमने रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (RCMP) के डिप्टी कमिश्नर की हालिया टिप्पणियों और बयानों पर गौर किया है। भारत आतंकवाद और अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध की विभीषिका से निपटने के लिए अपने सभी साझेदार देशों के साथ कानून प्रवर्तन (Law Enforcement) और सुरक्षा सहयोग के जरिए संयुक्त रूप से मिलकर काम करने के लिए हमेशा प्रतिबद्ध है।”

📈 कूटनीतिक मायने: बैकफुट पर अंडरवर्ल्ड का वैश्विक नेटवर्क

राजनीतिक और वैश्विक मामलों के विश्लेषकों का मानना है कि विदेश मंत्रालय का यह विधिक बयान दर्शाता है कि भारत इस मामले में अमेरिका की कार्रवाई को अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा के अनुकूल देख रहा है। जेलों के भीतर से अवैध तकनीकी उपकरणों (VoIP) के जरिए वैश्विक साम्राज्य चला रहे गैंगस्टरों को नेस्तनाबूद करने के लिए भारत-अमेरिका की विधिक जुगलबंदी आने वाले दिनों में और सख्त प्रत्यर्पण और कानूनी कार्रवाइयों में बदल सकती है।

हमारी निष्पक्ष पत्रकारिता को कॉर्पोरेट के दबाव से मुक्त रखने के लिए आप आर्थिक सहयोग यदि करना चाहते हैं तो यहां क्लिक करें


Welcome to the emerging digital Banaras First : Omni Chanel-E Commerce Sale पापा हैं तो होइए जायेगा..

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *