‘मेदांता अस्पताल पहुंचे वाराणसी के नेता किशन दीक्षित: थ्री-लेयर सुरक्षा भेद सोनम वांगचुक के समर्थन में परिसर में ही बैठे धरने पर; बाबा विश्वनाथ और महामृत्युंजय से की शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की मन्नत!’
गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में सोनम वांगचुक के समर्थन में वाराणसी के नेता किशन दीक्षित ने अस्पताल परिसर में दिया धरना! थ्री-लेयर सुरक्षा के बीच पहुंचे दीक्षित ने कहा— "देश को वांगचुक जैसे देशभक्तों की जरूरत।" बाबा काशी विश्वनाथ और महामृत्युंजय महादेव से मांगी वांगचुक के जल्द स्वस्थ होने की मन्नत। पढ़ें PNN24 की विशेष रिपोर्ट।

शफी उस्मानी
वाराणसी/गुरुग्राम (PNN24 News): जंतर-मंतर पर नीट (NEET) परीक्षा में धांधली के खिलाफ और शिक्षा में सुधार की मांग को लेकर 23 दिनों से अनशन कर रहे प्रख्यात शिक्षाविद एवं सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वांगचुक के गिरते स्वास्थ्य को लेकर जहां पूरे देश में चिंता की लहर है, वहीं धार्मिक नगरी वाराणसी (काशी) के प्रमुख नेता किशन दीक्षित अपने समर्थकों के साथ मेदांता अस्पताल परिसर पहुंचे और उनके समर्थन में धरने पर बैठ गए।
🛡️ थ्री-लेयर सुरक्षा घेरे के बीच अस्पताल परिसर में प्रदर्शन
अस्पताल में सोनम वांगचुक के भर्ती होने के बाद से ही हरियाणा और दिल्ली पुलिस द्वारा कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। अस्पताल परिसर के चारों ओर ‘थ्री-लेयर’ (त्रिस्तरीय) सुरक्षा व्यवस्था तैनात रहने के बावजूद वाराणसी के नेता किशन दीक्षित परिसर के भीतर तक पहुंचने में सफल रहे। वांगचुक से मिलने की अनुमति न मिलने और पुलिसिया पाबंदियों के विरोध में उन्होंने अस्पताल परिसर में ही लोकतांत्रिक तरीके से धरना शुरू कर दिया।
🎙️ “देश को सोनम वांगचुक जैसे सच्चे देशभक्तों की जरूरत”— किशन दीक्षित
धरने पर बैठे किशन दीक्षित ने मीडिया और वहां मौजूद लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि सोनम वांगचुक का यह संघर्ष केवल उनका व्यक्तिगत आंदोलन नहीं है, बल्कि यह देश के लाखों नौजवानों और बच्चों के भविष्य से जुड़ा विषय है।
किशन दीक्षित ने कहा:
“देश को आज सोनम वांगचुक जैसे निस्वार्थ और सच्चे देशभक्तों की परम आवश्यकता है। वांगचुक जी बच्चों के उज्ज्वल भविष्य, शिक्षा में जवाबदेही और जनहित से जुड़े गंभीर मुद्दों के लिए अपना जीवन दांव पर लगाकर संघर्ष कर रहे हैं। उनका यह अहिंसक और लोकतांत्रिक आंदोलन रुकना नहीं चाहिए। हम काशी की जनता की ओर से उनके इस संघर्ष के साथ पूरी मजबूती से खड़े हैं।”
🕉️ बाबा महामृत्युंजय और काशी विश्वनाथ से शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना
वाराणसी से पहुंचे नेता किशन दीक्षित ने धार्मिक आस्था का संदेश देते हुए कहा कि पूरा काशी क्षेत्र सोनम वांगचुक की सेहत को लेकर चिंतित है। उन्होंने मेदांता अस्पताल परिसर से ही काशी के अधिष्ठाता बाबा परमेश्वर काशी विश्वनाथ और अकाल मृत्यु व रोग-शोक को हरने वाले बाबा महामृत्युंजय महादेव का ध्यान करते हुए सोनम वांगचुक के शीघ्र पूर्णतः स्वस्थ होने और दीर्घायु होने की मन्नत मांगी।
गौरतलब है कि मेदांता अस्पताल के बाहर एक तरफ जहां दिल्ली-हरियाणा के विपक्षी सांसदों (आप, सपा, राजद) का जमावड़ा लगा हुआ है, वहीं उत्तर प्रदेश और पूर्वांचल के नेताओं के सीधे पहुंचने से सोनम वांगचुक के अनशन को और अधिक नैतिक व राजनीतिक समर्थन मिलता दिख रहा है।
PNN24 News सोनम वांगचुक के स्वास्थ्य बुलेटिन, मेदांता अस्पताल के बाहर की प्रशासनिक हलचलों और इस आंदोलन से जुड़ी हर एक बड़ी खबर को आप तक निष्पक्षता से पहुंचाता रहेगा।











