“खड़गे के साथ कथित भेदभाव दुखद, होगी जांच”— राज्यसभा में बोले जेपी नड्डा; खड़गे का छलका दर्द— “मुझे अछूत मानकर अपमानित न करें”‘
हल्द्वानी में खड़गे की रैली के बाद कथित 'शुद्धिकरण' पर राज्यसभा में हंगामा! मल्लिकार्जुन खड़गे बोले— "मैं दलित हूँ, लेकिन अछूत की तरह अपमान सहने नहीं आया।" केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने जताया दुख, कहा— "घटना की जांच कराएंगे, पर राजनीति न हो।" पढ़ें PNN24 की पूरी रिपोर्ट।

आदिल अहमद
नई दिल्ली (PNN24 News): उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष एवं राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के कार्यक्रम के बाद रामलीला मैदान में हुए कथित ‘शुद्धिकरण’ (हवन) का मुद्दा संसद में गरमा गया है। बुधवार को राज्यसभा में इस मुद्दे पर भारी हंगामे के बीच बीजेपी अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने बयान जारी कर घटना की निंदा की और पूरे मामले की जांच कराने का भरोसा दिया।
दूसरी ओर, मल्लिकार्जुन खड़गे ने भावुक और कड़े शब्दों में अपना विरोध दर्ज कराते हुए इसे व्यक्तिगत और दलित समाज का अपमान करार दिया।
💔 खड़गे का छलका दर्द— “मुझमें लड़ने की ताकत है, लेकिन अछूत मानकर अपमान न करें”
राज्यसभा में बोलते हुए नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि वह इस संवेदनशील मुद्दे का राजनीतिकरण नहीं करना चाहते, लेकिन जिस तरह उनके जाने के बाद मैदान का ‘शुद्धिकरण’ किया गया, वह बेहद पीड़ादायक है।
खड़गे ने सदन में कहा:
“मैं इस सदन में कई सालों से हूँ। मैं अनुसूचित जाति से आता हूँ और दलित हूँ। यह बात कहकर मैंने आज तक किसी के सामने यह नहीं कहा कि मेरी मदद करो या रक्षा करो। मुझमें अपने अधिकारों के लिए लड़ने की पूरी ताकत है और मैं लड़ता भी हूँ। लेकिन आप मुझे अछूत मानकर, मेरे जाने के बाद शुद्धिकरण करते हैं और मेरा अपमान करते हैं—यह स्वीकार्य नहीं है।”
🏛️ “यह घटना दुखद, जांच होगी पर राजनीति न हो”— जेपी नड्डा
खड़गे के बयानों और विपक्ष के हंगामे के बीच केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने सरकार और सत्ता पक्ष का रुख स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि बीजेपी ऐसी किसी भी गतिविधि या भेदभाव का समर्थन नहीं करती।
जेपी नड्डा ने सदन में कहा:
“यह बेहद दुखद घटना है, सिर्फ कांग्रेस के लिए ही नहीं बल्कि हम सभी के लिए। हम इस घटना की कड़ी निंदा करते हैं और इस मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। जो हुआ उसका मुझे दुख है और हमने बार-बार कहा है कि गलत हुआ है। लेकिन हमारी प्रार्थना है कि इस विषय को सनसनीखेज न बनाया जाए और न ही इस पर राजनीति की जाए। जब हम आपकी संवेदनाओं का सम्मान करते हैं, तो आपसे भी अपेक्षा है कि इसका राजनीतिकरण न हो।”
📌 क्या है पूरा मामला?
हाल ही में उत्तराखंड के हल्द्वानी स्थित रामलीला मैदान में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की एक जनसभा आयोजित की गई थी। रैली समाप्त होने के बाद स्थानीय स्तर पर कुछ लोगों द्वारा मैदान में कथित तौर पर हवन व ‘शुद्धिकरण’ किए जाने की खबरें सामने आईं।
कांग्रेस का आरोप है कि खड़गे के दलित समुदाय से होने के कारण द्वेषपूर्ण मानसिकता के तहत यह काम किया गया, जिससे देश भर में एक गलत संदेश गया है।











