‘अग्निपरीक्षा’ में पास हुए केजरीवाल: शराब नीति केस में कोर्ट से हुए बरी; बोले— “PM मोदी और अमित शाह ने रची थी साज़िश, अब देश से मांगें माफ़ी, दिल्ली में आज चुनाव हो तो भाजपा 10 सीट पर आ जाएगी”
शराब नीति मामले में बरी होने के बाद अरविंद केजरीवाल का बड़ा हमला! पीएम मोदी को दी दिल्ली चुनाव की चुनौती। बोले— "बीजेपी की 10 सीटें भी आईं, तो छोड़ दूंगा राजनीति।"

आफताब फारुकी
नई दिल्ली (PNN24 News): दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक अरविंद केजरीवाल को कथित शराब नीति घोटाले में बड़ी कानूनी जीत मिली है। शनिवार को दिल्ली की राउज़ एवेन्यू कोर्ट ने उन्हें सभी आरोपों से बरी कर दिया। बरी होने के बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में केजरीवाल ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जमकर निशाना साधा और उन्हें चुनावी चुनौती दे डाली।

“अभी तो ट्रायल शुरू भी नहीं हुआ था। कोर्ट को सिर्फ यह देखना था कि क्या मामला चलाने के लिए पर्याप्त आधार है? कोर्ट ने साफ कह दिया कि ऐसा एक भी सबूत नहीं है जिसके आधार पर ट्रायल चलाया जा सके। यह मेरी ईमानदारी की जीत है।”
पीएम मोदी को खुली चुनौती: “10 सीट लाकर दिखाएं” हमलावर रुख अपनाते हुए केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को सीधे चुनौती दी। उन्होंने कहा, “मैं पीएम मोदी को चैलेंज करता हूं कि दिल्ली में दोबारा चुनाव करवाकर दिखाएं। अगर बीजेपी की 10 से ज़्यादा सीटें आ गईं, तो मैं राजनीति छोड़ दूंगा।” केजरीवाल ने दावा किया कि दिल्ली की जनता उनकी ईमानदारी पर मुहर लगाने के लिए तैयार है।
साज़िश के गंभीर आरोप केजरीवाल ने सीधे तौर पर प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री अमित शाह का नाम लेते हुए आरोप लगाया कि यह पूरा षड्यंत्र इन दो लोगों ने मिलकर रचा था ताकि ‘आम आदमी पार्टी’ को खत्म किया जा सके। उन्होंने कहा कि बीजेपी को इस साज़िश के लिए देश से माफ़ी मांगनी चाहिए। “मैंने जीवन में सिर्फ ईमानदारी कमाई है, पैसा नहीं,” उन्होंने भावुक होते हुए कहा।
राजनीतिक मायने दिल्ली विधानसभा चुनावों से ठीक पहले केजरीवाल का इस तरह बरी होना और फिर हमलावर मुद्रा में आना ‘आम आदमी पार्टी’ के लिए संजीवनी जैसा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस फैसले से केजरीवाल अब अपनी ‘ईमानदारी’ के कार्ड को जनता के बीच और मजबूती से रखेंगे।










