PNN24 News: ‘अंग्रेज़ों का दलाल’ बयान पर बवाल..! – राजा राम मोहन राय को लेकर विवादित टिप्पणी पर MP के मंत्री इंदर सिंह परमार ने मांगी माफी

निलोफर बानो
भोपाल, मध्य प्रदेश: मध्य प्रदेश के उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार को 19वीं सदी के महान समाज सुधारक राजा राम मोहन राय पर की गई अपनी विवादित टिप्पणी के लिए आखिरकार माफी मांगनी पड़ी है। मंत्री परमार ने राजा राम मोहन राय को ‘अंग्रेज़ों का दलाल‘ कहकर संबोधित किया था, जिसके बाद पूरे देश में, खासकर पश्चिम बंगाल की राजनीति में, एक बड़ा विवाद खड़ा हो गया था।
क्या था विवादित बयान?
इंदर सिंह परमार ने एक सार्वजनिक कार्यक्रम के दौरान राजा राम मोहन राय के ऐतिहासिक योगदान की अनदेखी करते हुए उन्हें ब्रिटिश हुकूमत का पक्षधर बताया था। राजा राम मोहन राय भारतीय समाज में सती प्रथा को समाप्त करने, आधुनिक शिक्षा को बढ़ावा देने और धार्मिक सुधारों के लिए जाने जाते हैं। मंत्री के इस बयान ने शिक्षा और इतिहास जगत से लेकर राजनीतिक गलियारों तक में तीव्र विरोध पैदा कर दिया।
TMC ने BJP पर लगाए गंभीर आरोप
पश्चिम बंगाल की सत्ताधारी पार्टी तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने इस बयान को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर तीखे हमले किए। TMC ने आरोप लगाया कि यह टिप्पणी बंगाल के गौरवशाली इतिहास और महान हस्तियों के अपमान के समान है। TMC ने कहा कि BJP के नेता लगातार ऐसे बयान देकर देश के नायकों के प्रति अपनी असम्मानजनक विचारधारा को दर्शाते हैं।
“राजा राम मोहन राय बंगाल के और पूरे भारत के गौरव हैं। एक शिक्षा मंत्री द्वारा उन्हें ‘दलाल’ कहना उनकी (BJP) इतिहास की समझ और मानसिकता को दिखाता है। यह सरासर अपमान है।” – तृणमूल कांग्रेस के नेता का बयान
इंदर सिंह परमार ने मांगी माफी
मामला गरमाने और चौतरफा दबाव बढ़ने के बाद, उच्च शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार ने अपने बयान पर खेद व्यक्त किया और सार्वजनिक रूप से माफी मांग ली है। उन्होंने कहा कि उनका इरादा किसी की भावनाओं को ठेस पहुँचाना नहीं था और वे राजा राम मोहन राय के योगदान का सम्मान करते हैं।
हालांकि, विपक्षी दलों ने कहा है कि सिर्फ माफी मांगना काफी नहीं है और ऐसे गैर-जिम्मेदाराना बयानों के लिए कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए। इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर ऐतिहासिक हस्तियों पर राजनीतिक टिप्पणियों के बढ़ते चलन पर सवाल खड़े कर दिए हैं।











