अमेरिका के दबाव के बावजूद रूस का बड़ा वादा! पुतिन बोले- भारत को बिना रुकावट मिलती रहेगी ईंधन की सप्लाई

आदिल अहमद
PNN24 न्यूज़, नई दिल्ली। भारत के दौरे पर आए रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने एक बड़ा और साहसिक एलान किया है। उन्होंने कहा है कि उनका देश भारत को बिना किसी रुकावट के लगातार ईंधन की सप्लाई करता रहेगा। पुतिन का यह बयान ऐसे समय में आया है जब अमेरिका लगातार भारत पर रूस से तेल न खरीदने का दबाव बनाए हुए है और रूसी तेल खरीदने पर भारी-भरकम टैरिफ भी लगा चुका है।
अमेरिकी टैरिफ का शिकंजा
रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद से ही, भारत का रूस से तेल आयात लगातार बढ़ा है, जिससे अमेरिका नाराज है।
- जुर्माना: अमेरिका ने रूस से तेल खरीदने के आरोप में भारत पर अतिरिक्त 25 फ़ीसदी का टैरिफ (Tariff) भी लगाया है।
- बढ़ा हुआ टैरिफ: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अगस्त में भारत पर कुल 50 फ़ीसदी टैरिफ लगाया था, जिसमें रूसी तेल और हथियार खरीदने के लिए 25 फ़ीसदी जुर्माना भी शामिल था।
- ट्रंप का तर्क: ट्रंप का कहना था कि रूसी तेल और हथियार खरीदकर भारत यूक्रेन के खिलाफ युद्ध में रूस को फायदा पहुंचा रहा है। भारत हालांकि इस आरोप का खंडन करता रहा है और तर्क देता है कि वह अपने देश की ऊर्जा सुरक्षा को प्राथमिकता दे रहा है।
तेल आयात में भारी उछाल
रियायती दरों पर रूसी तेल की खरीद ने भारत की आयात निर्भरता को नाटकीय रूप से बदल दिया है।
- युद्ध से पहले: 2022 में युद्ध शुरू होने से पहले रूस से भारत का तेल आयात बमुश्किल 5 फ़ीसदी था।
- वर्तमान स्थिति: रियायती दरों पर रूसी तेल की खरीद के कारण यह आयात 2024-25 में बढ़कर लगभग 8 फ़ीसदी हो गया है। रूस अब भारत का सबसे बड़ा तेल आपूर्तिकर्ता बन गया है।
राष्ट्रपति पुतिन का यह आश्वासन दर्शाता है कि रूस अपनी आर्थिक साझेदारी को किसी भी पश्चिमी दबाव के बावजूद बरकरार रखने को तैयार है। भारत के लिए यह बयान ऊर्जा सुरक्षा और अपनी स्वतंत्र विदेश नीति को बनाए रखने की दिशा में एक बड़ी जीत है।








