‘अमेरिकी आक्रामकता कूटनीति का अपमान’: खामनेई की शहादत पर इराक ने जताया शोक; ईरानी विदेश मंत्री अराघची बोले— “अंतरराष्ट्रीय समुदाय अब अपनी चुप्पी तोड़े”
ईरान-इराक के बीच उच्च स्तरीय वार्ता: इराकी विदेश मंत्री फवाद हुसैन ने खामनेई की शहादत पर जताया शोक। अब्बास अराघची ने ट्रंप प्रशासन पर 'कूटनीति की उपेक्षा' और 'सैन्य आक्रामकता' का लगाया आरोप।

शफी उस्मानी
PNN24 News): ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली खामनेई की हत्या के बाद उपजे तनाव के बीच पड़ोसियों और सहयोगियों का समर्थन तेहरान को मिल रहा है। इराक के शीर्ष राजनयिक और विदेश मंत्री फवाद हुसैन ने अपने ईरानी समकक्ष अब्बास अराघची को फोन कर इस ‘अपूरणीय क्षति’ पर गहरा शोक व्यक्त किया है।

ट्रंप प्रशासन पर तीखा प्रहार बातचीत के दौरान अब्बास अराघची ने अमेरिका और इज़राइल के खिलाफ कड़ा रुख अख्तियार किया। उन्होंने कहा:
“पिछले नौ महीनों में यह दूसरी बार है जब राजनयिक वार्ता के बीच अमेरिका ने सैन्य कार्रवाई का रास्ता चुना है। यह ट्रंप प्रशासन की कूटनीति के प्रति पूर्ण उपेक्षा और अंतरराष्ट्रीय कानूनों के उल्लंघन का स्पष्ट प्रमाण है।”
विश्व समुदाय की जिम्मेदारी अराघची ने ज़ोर देकर कहा कि अब समय आ गया है जब अंतरराष्ट्रीय समुदाय को अमेरिका और इज़राइल के इन “अपराधों” की कड़ी निंदा करनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि बातचीत की मेज पर रहकर पीठ पीछे वार करना आधुनिक कूटनीति के लिए एक खतरनाक मिसाल है।
इराक की ओर से आया यह संदेश बेहद अहम है, क्योंकि इराक में बड़ी संख्या में शिया समुदाय खामनेई को अपना आध्यात्मिक रहनुमा मानता है। बगदाद की सड़कों पर पहले ही अमेरिका विरोधी प्रदर्शन उग्र हो चुके हैं। अराघची का यह बयान संकेत देता है कि ईरान अब कूटनीति के बजाय ‘मैदान-ए-जंग’ और अंतरराष्ट्रीय दबाव को अपनी नई रणनीति का हिस्सा बना रहा है।










