‘बारूद के ढेर पर “शांति” की तलाश: लेबनान इसराइल से सीधी बातचीत को तैयार, पर रखी “युद्धविराम” की शर्त; नेतन्याहू बोले— “अभी हमला रुकेगा नहीं”; भारत ने कहा— “नागरिकों की सुरक्षा सर्वोपरि”!’
युद्ध के मैदान से बातचीत की मेज तक? लेबनान का बड़ा ऐलान— "युद्धविराम हुआ तो इसराइल से करेंगे सीधी बात"। नेतन्याहू की दो-टूक— "लेबनान में कोई संघर्षविराम नहीं, हमले जारी रहेंगे"। भारत ने जताई नागरिकों की मौतों पर गहरी चिंता। होर्मुज़ स्ट्रेट पर ईरान का नया रुख। PNN24 की विशेष रिपोर्ट।

तारिक खान
PNN24 News: मध्य-पूर्व में जारी संघर्ष अब एक ऐसे मोड़ पर आ गया है जहाँ एक तरफ भीषण हवाई हमले हो रहे हैं, तो दूसरी तरफ दशकों पुरानी दुश्मनी को पीछे छोड़कर ‘सीधी बातचीत’ की ज़मीन तैयार की जा रही है। लेबनान के राष्ट्रपति कार्यालय ने संकेत दिए हैं कि वे अगले हफ्ते इसराइल के साथ आमने-सामने बैठने को तैयार हैं, लेकिन उससे पहले हथियारों का शांत होना अनिवार्य है।
1. लेबनान की शर्त और नेतन्याहू का “वीडियो वार”
लेबनान के राष्ट्रपति कार्यालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने पुष्टि की है कि वे इसराइल के साथ सीधे संवाद के लिए तैयार हैं।
- नेतन्याहू का पलटवार: इसराइली प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने एक वीडियो संदेश जारी कर साफ़ कर दिया कि लेबनान में फिलहाल कोई संघर्षविराम लागू नहीं है। उन्होंने कहा, “हम हिज़्बुल्लाह पर पूरी ताक़त से हमले जारी रखेंगे जब तक कि उत्तरी इसराइल की सुरक्षा बहाल नहीं हो जाती।”
- वार्ता का एजेंडा: नेतन्याहू ने कैबिनेट को बातचीत के निर्देश तो दिए हैं, लेकिन उनका मुख्य जोर ‘बेरूत के निरस्त्रीकरण’ और हिज़्बुल्लाह के हथियार डलवाने पर है।
2. भारत की “गहरी चिंता” और नागरिकों की सुरक्षा
लेबनान में हो रही तबाही पर भारत सरकार ने भी अपनी चुप्पी तोड़ी है।
- रणधीर जायसवाल का बयान: विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने शुक्रवार को कहा कि भारत लेबनान में नागरिकों के हताहत होने की खबरों से ‘बेहद चिंतित’ है। भारत ने अंतरराष्ट्रीय कानून के पालन और देशों की संप्रभुता के सम्मान की अपील की है।
- भारतीयों की सुरक्षा: बेरूत स्थित भारतीय दूतावास वहां मौजूद भारतीय समुदाय के साथ लगातार संपर्क में है।
3. होर्मुज़ स्ट्रेट: ईरान का “नरम” पड़ता रुख?
तनाव के बीच ईरान के उप विदेश मंत्री सईद ख़ातिबज़ादेह ने एक महत्वपूर्ण बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अमेरिकी जहाज़ भी होर्मुज़ स्ट्रेट से गुज़र सकते हैं, बशर्ते वे कोई शत्रुतापूर्ण व्यवहार न करें। हालांकि, इसके लिए ईरानी नौसेना के साथ ‘तकनीकी संपर्क’ बनाए रखना अनिवार्य होगा।
4. तेल अवीव में दहशत और हिज़्बुल्लाह का पलटवार
बीती रात तेल अवीव और हाइफ़ा में एयर रेड सायरन गूँजते रहे। हिज़्बुल्लाह ने दावा किया है कि उसने हाइफ़ा पर ‘एडवांस्ड मिसाइलों’ से हमला किया है। हिज़्बुल्लाह का कहना है कि उसने यह हमला इसलिए किया क्योंकि इसराइल ने संघर्षविराम का पालन नहीं किया। लेबनान के चौकिन जैसे गाँव अब मलबे के ढेर में बदल चुके हैं।









