आगरा: 288 जर्जर प्राथमिक स्कूलों में प्रवेश पर रोक, जिलाधिकारी ने दिए सख्त निर्देश

शफी उस्मानी
डेस्क: उत्तर प्रदेश के आगरा जिले से एक अहम खबर सामने आई है। जिले के 288 प्राथमिक विद्यालय, जो बेहद जर्जर और खतरनाक हालत में पाए गए हैं, अब पूरी तरह से सील कर दिए गए हैं। इन स्कूलों के दरवाजों पर ‘प्रवेश निषेध’ के पोस्टर चस्पा कर दिए गए हैं ताकि किसी भी बच्चे की जान जोखिम में न पड़े।
यह फैसला बुधवार को जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में हुई समीक्षा बैठक के दौरान लिया गया। जिलाधिकारी ने दो टूक कहा कि, “बच्चों की सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा।” उन्होंने निर्देश दिए कि जहां भी विद्यालय भवन खतरनाक स्थिति में हैं, वहां तुरंत शिक्षण कार्य रोक दिया जाए और छात्रों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित किया जाए।
बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा संचालित परिषदीय स्कूलों की समीक्षा में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए। कुल 298 विद्यालय भवन जर्जर पाए गए, इनमें से 141 भवन पहले ही गिराए जा चुके हैं, बाकी 157 भवनों का तकनीकी मूल्यांकन पूरा हो चुका है।
जिलाधिकारी ने सभी ब्लॉकों में खंड विकास अधिकारी, खंड शिक्षा अधिकारी और RES के जूनियर इंजीनियरों की एक संयुक्त कमेटी बनाने का आदेश दिया है। यह कमेटी प्रत्येक स्कूल भवन का भौतिक सत्यापन करेगी और जल्द से जल्द रिपोर्ट सौंपेगी। इसके साथ ही सभी खतरनाक कक्षाओं को तुरंत सील कर शिक्षण कार्य अन्य सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करने का निर्देश भी दिया गया है।












