प्रयागराज में हाई-वोल्टेज ड्रामा: FIR की मांग पर महिला अधिवक्ता प्रत्याशी ने थाने में की आत्मदाह की कोशिश; पुलिस के हाथ-पांव फूले
प्रयागराज: एफआईआर के लिए थाने में आत्मदाह की कोशिश! बार काउंसिल सदस्य पद की महिला प्रत्याशी ने सिविल लाइन थाने में ज्वलनशील पदार्थ लेकर मचाया हड़कंप। विरोधी प्रत्याशी पर अभद्रता का आरोप। पढ़ें PNN24 की ग्राउंड रिपोर्ट।

प्रदीप कुमार
प्रयागराज: संगम नगरी का सिविल लाइन थाना सोमवार को उस वक्त छावनी और अफरातफरी का केंद्र बन गया, जब बार काउंसिल सदस्य पद की एक महिला प्रत्याशी ने आत्मदाह का प्रयास किया। महिला अधिवक्ता ने अपने विरोधी प्रत्याशी पर अभद्रता और बदसलूकी का गंभीर आरोप लगाते हुए तत्काल मुकदमे की मांग की थी।

पुलिस की मुस्तैदी से टला बड़ा हादसा महिला को आत्मदाह के लिए तैयार देख थाना परिसर में मौजूद पुलिसकर्मियों के हाथ-पांव फूल गए। स्थिति को भांपते हुए महिला पुलिसकर्मियों और अन्य जवानों ने तुरंत घेराबंदी की और महिला के हाथ से ज्वलनशील पदार्थ और माचिस छीनी। फिलहाल महिला को सुरक्षित तरीके से हिरासत में लेकर शांत कराया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और तहरीर के आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सिस्टम की लाचारी या आक्रोश? यह घटना केवल चुनावी रंजिश का परिणाम नहीं है, बल्कि उस ‘असहाय’ स्थिति का संकेत है जहाँ एक कानून की जानकार (अधिवक्ता) को अपनी शिकायत दर्ज कराने के लिए जान जोखिम में डालनी पड़ रही है। आत्मदाह किसी भी समस्या का समाधान नहीं हो सकता, लेकिन यह सवाल जरूर उठता है कि आखिर हमारी शिकायत निवारण प्रणाली इतनी सुस्त क्यों है कि न्याय की उम्मीद में इंसान आत्मघाती कदम उठाने पर मजबूर हो जाए?











