प्रयागराज की ऐतिहासिक लोकनाथ होली में इस बार नया इतिहास: 3 दिन चलेगा उत्सव, पहली बार महिलाओं के लिए ‘एक्सक्लूसिव’ आयोजन; पुरुषों की एंट्री पर नो-एंट्री
प्रयागराज की ऐतिहासिक 'कपड़ा फाड़' होली में बड़ा बदलाव! लोकनाथ में इस बार 2 नहीं बल्कि 3 दिन मचेगा हुड़दंग। पहली बार महिलाओं के लिए आयोजित होगी 'No-Men' होली। सुरक्षा के कड़े इंतजाम और वीडियो रिकॉर्डिंग पर पाबंदी।

प्रदीप कुमार
प्रयागराज (PNN24 News): संगम नगरी प्रयागराज की विश्वप्रसिद्ध ‘लोकनाथ कपड़ा फाड़ होली’ इस बार अपने पारंपरिक स्वरूप से हटकर एक नए और भव्य कलेवर में नज़र आएगी। दशकों से पुरुषों के हुड़दंग और अनोखे अंदाज़ के लिए मशहूर यह होली इस बार तीन दिनों तक मनाई जाएगी। इस वर्ष की सबसे बड़ी विशेषता महिलाओं और युवतियों के लिए आयोजित होने वाली ‘विशेष होली’ है, जिसे लेकर शहर में खासा उत्साह है।
1. पहली बार महिलाओं के लिए अलग ‘होली मिलन’
लोकनाथ मिलन संघ ने इस बार आधी आबादी की भागीदारी को सुरक्षित और यादगार बनाने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। प्रयागराज के इतिहास में यह पहली बार होगा जब लोकनाथ की ऐतिहासिक होली में महिलाओं के लिए अलग से विशेष समय और स्थान निर्धारित किया गया है।
2. लोकनाथ व्यायामशाला बनेगा ‘नो-मेन ज़ोन’
लोकनाथ मिलन संघ के अध्यक्ष निखिल पाण्डेय ने बताया कि महिलाओं की सुरक्षा और निजता का पूरा ध्यान रखा गया है:
- तारीख और समय: यह आयोजन 6 मार्च को सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक चलेगा।
- नियम: इस दौरान लोकनाथ व्यायामशाला परिसर में पुरुषों का प्रवेश पूरी तरह वर्जित रहेगा।
- निजता: कार्यक्रम की किसी भी प्रकार की वीडियो रिकॉर्डिंग की अनुमति नहीं होगी, ताकि महिलाएं बिना किसी संकोच के रंगों के उत्सव का आनंद ले सकें।
3. सुरक्षा के अभेद्य इंतजाम
आयोजन को सड़कों के बजाय बंद परिसर (व्यायामशाला) में रखने का मुख्य उद्देश्य सुरक्षा है। आयोजकों के मुताबिक, परिसर के चारों तरफ कड़े सुरक्षा घेरे रहेंगे। महिला वॉलिंटियर्स और सुरक्षाकर्मी पूरे कार्यक्रम की निगरानी करेंगे ताकि हुड़दंगियों का कोई दखल न हो सके।
4. दो नहीं, अब तीन दिन मचेगी होली की धूम
आमतौर पर लोकनाथ की होली दो दिनों तक चलती है, लेकिन इस महिला विशेष आयोजन के जुड़ने से अब यह उत्सव तीन दिनों तक खिंच गया है। स्थानीय युवतियों का कहना है कि अब तक वे लोकनाथ की प्रसिद्ध होली को केवल दूर से देखती थीं, लेकिन इस बार वे खुद इसका हिस्सा बन सकेंगी।











